साहित्यकार महावीर प्रसाद द्विवेदी की उत्तर प्रदेश स्थित जन्मस्थली विकसित करने के प्रयास – राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी
आसपास प्रतिनिधि
मुंबई- महावीर प्रसाद द्विवेदी ने हिन्दी साहित्य में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। राज्यपाल भगतसिंह कोश्यारी ने यहां आश्वासन दिया कि वह रायबरेली जिले के अपने पैतृक गांव दौलतपुर को साहित्यिक पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने के लिए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ पत्र-व्यवहार करेंगे।
गुरुवार को राजभवन में डॉ. राम मनोहर त्रिपाठी सेवा समिति एवं श्रीमती दुर्गादेवी शर्मा चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा आयोजित महावीर प्रसाद द्विवेदी स्मृति संस्कार अभियान रजत जयंती सम्मान एवं मराठी-हिन्दी कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। इस करुकर्म मे राज्यपाल कोश्यारी बोल रहे थे।

इस अवसर पर पूर्व मंत्री कृपाशंकर सिंह, पूर्व विधायक राजपुरोहित, गीतकार मनोज मुंतशिर, डॉ. मंजू पांडे, अनुराग त्रिपाठी, राजीव नौटियाल, सामाजिक कार्यकर्ता प्रशांत शर्मा, अनिल गलगली, बृजमोहन पांडे, लेखक और पत्रकार मौजूद थे.
राज्यपाल ने यह भी कहा कि जिस तरह संत तुलसीदास, मीराबाई, संत ज्ञानेश्वर, तुकाराम, गुरु नानक को भुलाया नहीं जा सकता, उसी तरह हिंदी भाषा को लोकप्रिय रूप देने वाले महावीर प्रसाद द्विवेदी और हजारी प्रसाद द्विवेदी को भुलाया नहीं जा सकता.

प्रसिद्ध लेखक, पूर्व मंत्री डॉ. राम मनोहर त्रिपाठी ने मुंबई महानगर मे आकर महाराष्ट्र कि सभ्यता संस्कृति मे रम गए । राज्यपाल कोश्यारी ने यह भी कहा कि डॉ. राम मनोहर त्रिपाठी ने साहित्य, सामाजिक सरोकार और राजनीति में अपना एक अनूठा स्थान बनाया है।
इस अवसर पर राज्यपाल द्वारा डॉ. राम मनोहर त्रिपाठी की रचना को संगीतवद्ध करने के लिए भजन सम्राट अनूप जलोटा और आचार्य महावीर प्रसाद द्विवेदी स्मृति संकर्षण अभियान संस्था के संयोजक गौरव अवस्थी को सम्मानित किया गया।

कवि सम्मेलन में रामदास फुटाने, सुनील जोशी, योगेंद्र शर्मा, राजीव राज, ज्योति त्रिपाठी ने भाग लिया। कार्यक्रम का संचालन अनिल त्रिवेदी ने किया।
—–

