भाजपा शिवसेना को सरकार बनाने क्यों उकसा रही है ?

विधानसभा चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद से लगातार भारतीय जनता पार्टी नेतृत्व के रवैया से यह दिख रहा है की वह जानबूझकर शिवसेना को गैर भाजपा दलों के साथ मिलकर सरकार बनाने के लिए उकसा रही है हालांकि भाजपा चाहती तो महाराष्ट्र में शुरुआती दिनों में ही शिवसेना के सहयोग से सरकार बन जाती लेकिन अब उसे सरकार से भी दूर रहना पड़ेगा.

ज्ञात हो कि कल शुक्रवार को भाजपा प्रदेश अध्यक्ष चंद्रकांत पाटील ने भाजपा के पास कुल 119 विधायकों की संख्या होने की का दावा किया था इससे पहले उन्होंने ही कहा था कि राज्य में कोई भी दल बिना भाजपा के समर्थन से सरकार नहीं बना सकती.

रोज शिवसेना और भाजपा नेताओं की एक दूसरे पर तीखे आरोप प्रत्यारोप हो रहे हैं भाजपा के प्रदेश से लेकर केंद्रीय नेतृत्व तक शिवसेना से रिश्ते में आई कटुता को खत्म करने के कोई प्रयास नहीं हो रहा.

शिवसेना जहां चुनाव पूर्व हुए चुनाव समझौता के तहत राज्य में ढाई ढाई साल के लिए मुख्यमंत्री पद के की दावेदारी कर रही है वही 2 दिन पूर्व भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने शिवसेना के दावे को भी झूठा करार कर दिया है.

उनके अनुसार चुनाव प्रचार अभियान में भाजपा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से लेकर सभी नेतागण चुनाव जीतने के बाद राज्य के मुख्यमंत्री पद पर देवेंद्र फडणवीस को ही बिठाने की दावेदारी कर रहे थे चुनाव परिणाम आने के बाद शिवसेना का यह दावा गलत होने की बात केंद्रीय भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने भी व्यक्त की है.

चुनाव परिणाम आने के बाद ही भाजपा और शिवसेना में कटुता व्याप्त है भाजपा जहां पूरे 5 साल तक मुख्यमंत्री पद चाहती है वहीं शिवसेना ढाई वर्ष के लिए मुख्यमंत्री का पद शिवसेना के लिए चाहती है और शिवसेना और भाजपा दोनों की तरफ से अगर इस ओर सही ढंग से प्रयास किए जाएं तो अभी भी मामला  सुलझ सकता है लेकिन आश्चर्यजनक रूप से भाजपा शिवसेना को लगातार उकसा रही है कि वह विरोधी धारा की राजनीति करने वाले कांग्रेस और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के साथ मिलकर राज्य में सरकार बनाए.

Please follow and like us:
error

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error

Enjoy this blog? Please spread the word :)

Facebook
Twitter
YouTube
Follow by Email